अनपरा, सोनभद्र : इंटर कालेजों का होगा कायाकल्प आधुनिकीकरण के लिए मिलेगा 50 लाख रुपये

जीआइसी अनपरा में भी माकूल परिवर्तन की उम्मीद 1 परिक्षेत्र के महत्वपूर्ण शिक्षण संस्थानों में शुमार जीआइसी अनपरा में भी सुविधाओं का टोटा है। कई कक्षा कक्ष जहां जर्जर अवस्था में पहुंच गये हैं वहीं अध्यापकों की कमी के कारण बच्चों का पठन-पाठन भी प्रभावित हो रहा है। अभिभावकों द्वारा कई बार इस दिशा में शासन का ध्यान आकृष्ट कराया जा चुका है, किंतु कोई पहल न होने से अभिभावक नाउम्मीद हो चुके थे। प्रदेश सरकार की योजना से अभिभावकों में एक बार फिर उम्मीद की किरण जगी है। विद्यालय के प्रधानाचार्य डा. अर¨वद कुंवर ने बताया कि मामला उनके भी संज्ञान में आया है। यदि ऐसा होता है तो निश्चित ही इसके दूरगामी परिणाम होंगे।

कवायद


जागरण संवाददाता, अनपरा (सोनभद्र) : प्रत्येक बच्चे को शिक्षित बनाने के उद्देश्य से सरकार द्वारा जहां प्राथमिक शिक्षा को मूल अधिकार घोषित किया गया है वहीं आर्थिक रूप से अक्षम बच्चे भी सुगमता पूर्वक इंटर तक की शिक्षा ग्रहण कर सकें। इस उद्देश्य से शासन द्वारा राजकीय इंटर कालेजों की स्थापना करायी गयी है। वर्तमान में निजी शिक्षण संस्थानों में जहां तमाम अत्याधुनिक सुविधायें व सुसज्जित अध्यापन कक्ष विद्यमान हैं वहीं जीआइसी में बुनियादी सुविधाओं का घोर अभाव है। इससे सरकार की मंशा साकार होती नजर नहीं आ रही है। 1 कई राजकीय इंटर कालेज तो ऐसे हैं जहां पर्याप्त संख्या में शिक्षण कक्ष, बेंच-डेस्क व अध्यापक ही नहीं हैं। ऐसी स्थिति में इन विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चे महज डिग्री प्राप्त करने वाली ही शिक्षा प्राप्त कर पाते हैं। राजकीय इंटर कालेजों में व्याप्त असुविधाओं की तरफ नागरिकों द्वारा लंबे समय से सरकार का ध्यान आकृष्ट कराया जाता रहा है। एक माह पूर्व प्रदेश में सत्तासीन हुई भाजपानीत सरकार द्वारा मामले को गंभीरता से लिया गया है। योगी सरकार द्वारा जल्द ही राजकीय इंटर कालेजों का कायाकल्प कराया जाएगा। अटल उत्कृष्ट विद्यालय योजना के तहत जीआइसी के स्वरूप में परिवर्तन के लिए व्यापक योजना तैयार की जा रही है। इसके तहत जीआइसी के आधुनिकीकरण के लिए सरकार द्वारा 50 लाख रुपये प्रदान किया जाएगा। प्रदेश के 361 राजकीय इंटर कालेजों को अनुदान प्रदान करने का भी निर्णय लिया गया है। उम्मीद है कि इससे जीआईसी शिक्षण संस्थानों में भी निजी शिक्षण संस्थानों की तरह आधुनिक व्यवस्था बहाल होने में मदद मिलेगी।